इंदौर। मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन बोर्ड के आयुक्त-सह-प्रबंध संचालक राघवेन्द्र सिंह ने गुरुवार को कृषि उपज मंडी समिति, इंदौर का आकस्मिक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को किसानों के हितों को प्राथमिकता देते हुए मंडी में उपलब्ध सुविधाओं को और प्रभावी एवं सुदृढ़ बनाने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान सिंह ने ई-मंडी और ई-नाम प्रणाली, ई-नाम लैब, पेमेंट काउंटर, ग्रेन एनालाइजर मशीन, कृषक विश्राम गृह, कैंटीन, पेयजल, स्वच्छता और सूचना प्रसारण व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने नीलामी शेड, सीसी रोड, शौचालय, इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटों और प्रस्तावित ग्रेडिंग एवं क्लीनिंग प्लांट के लिए चिह्नित स्थल का भी जायजा लिया। उन्होंने कहा कि किसानों को सरल, पारदर्शी और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना मंडी बोर्ड की प्राथमिकता है।
मंडी सचिव ओ.पी. खेड़े ने बताया कि मंडी परिसर में प्रतिदिन लगभग 30 से 35 हजार लोगों और 8 से 10 हजार वाहनों का आवागमन होता है। इस पर आयुक्त ने फल-सब्जियों की आवक-जावक के दौरान यातायात सुचारु बनाए रखने और नीलामी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संचालित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अधीक्षण यंत्री मधुकर पंवार, संयुक्त संचालक प्रवीण वर्मा, कार्यपालन यंत्री पी.एल. घाघरे, सहायक यंत्री कमलाकर सिंह बघेल, उपयंत्री मनोज चौधरी, निज सहायक अनिल कुमार चौरे और मंडी निरीक्षक राधेश्याम ठाकुर सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।