भोपाल | बागसेवनिया थाना पुलिस ने एम्स (AIIMS) अस्पताल की लिफ्ट में महिला अटेंडेंट के साथ हुई चेन स्नेचिंग की वारदात का खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपी ने पूछताछ में कबूल किया है कि वह मेट्रो सिटी की लग्जरी लाइफस्टाइल, महंगी गाड़ियाँ और अपनी गर्लफ्रेंड के खर्च पूरे करने के लिए अपराध की राह पर उतरा।
लिफ्ट खुलते ही दिया वारदात को अंजाम
पुलिस के अनुसार, 25 जनवरी 2026 को एम्स अस्पताल में कार्यरत महिला अटेंडेंट ब्लड बैंक के पीछे स्थित लिफ्ट नंबर-12 से प्रथम तल पर जा रही थी। लिफ्ट में पहले से मौजूद मास्क लगाए युवक ने जैसे ही प्रथम तल पर दरवाजा खुला, महिला के गले पर झपट्टा मारकर सोने का मंगलसूत्र तोड़ लिया और सीढ़ियों के रास्ते फरार हो गया। एम्स जैसे अति-संवेदनशील क्षेत्र में हुई वारदात को पुलिस आयुक्त हरिनारायणाचारी मिश्र ने गंभीरता से लिया। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना प्रभारी बागसेवनिया अमित सोनी के नेतृत्व में कई टीमें गठित की गईं। पुलिस ने अस्पताल परिसर एवं आसपास लगे सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। आरोपी की पहचान के लिए लिफ्ट की फुटेज सोशल मीडिया एवं व्हाट्सएप ग्रुप्स में भी सर्कुलेट की गई।
कर्ज और शौक बने अपराध की वजह
पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी सुनील मीणा (25) निवासी राजस्थान को कटारा हिल्स क्षेत्र के लहारपुर से गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने बताया कि दोस्तों से लिए गए कर्ज को चुकाने और अपनी गर्लफ्रेंड के महंगे शौक पूरे करने के लिए उसने इस वारदात को अंजाम दिया।
आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने मंडीदीप निवासी पुष्पराज सोनी को भी गिरफ्तार किया, जिसके पास से झपटा गया मंगलसूत्र बरामद किया गया। पुलिस ने आरोपी को माननीय न्यायालय में पेश कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की है।